नई दिल्ली: ईरान में अयातुल्ला अली खामेनेई के अंतिम संस्कार और राजकीय शोक समारोह को लेकर विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में कई दावे किए जा रहे हैं। इन रिपोर्टों के अनुसार, इस कार्यक्रम में दुनिया के कई देशों के प्रतिनिधिमंडलों के शामिल होने की संभावना है। भारत से भी कई राजनीतिक और सरकारी हस्तियों को निमंत्रण भेजे जाने की जानकारी सामने आई है।
हालांकि, इस संबंध में भारत सरकार या ईरान की ओर से सभी आमंत्रित प्रतिनिधियों की अंतिम आधिकारिक सूची सार्वजनिक नहीं की गई है।
भारत की ओर से कौन कर सकता है प्रतिनिधित्व?
रिपोर्टों के मुताबिक, भारत सरकार की ओर से विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा और बिहार के राज्यपाल सैयद अता हसनैन समारोह में शामिल हो सकते हैं।
बताया गया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी आमंत्रित किया गया था, लेकिन पूर्व निर्धारित विदेशी दौरे के कारण उनके शामिल होने की संभावना नहीं है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, प्रधानमंत्री 6 से 11 जुलाई के बीच विदेश यात्रा पर रहेंगे।
महबूबा मुफ्ती को मिला विशेष निमंत्रण
रिपोर्टों के अनुसार, जम्मू-कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती को ईरान की ओर से विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है।
समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक, उन्हें यह निमंत्रण ईरान के सर्वोच्च नेतृत्व के कार्यालय से भेजा गया। निमंत्रण मिलने के बाद महबूबा मुफ्ती ने इसे सम्मान की बात बताते हुए कहा कि यदि कार्यक्रम के अनुसार सब कुछ तय रहा, तो वह अंतिम श्रद्धांजलि देने के लिए ईरान जाएंगी।
बताया जा रहा है कि जम्मू-कश्मीर से वह इस कार्यक्रम के लिए आमंत्रित प्रमुख नेताओं में शामिल हैं।
कांग्रेस के नेताओं को भी भेजा गया न्योता
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, ईरान ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, पूर्व केंद्रीय मंत्री सलमान खुर्शीद और कांग्रेस नेता पवन खेड़ा को भी निमंत्रण भेजा है।
बताया जा रहा है कि कांग्रेस की ओर से प्रतिनिधि के रूप में सलमान खुर्शीद कार्यक्रम में शामिल हो सकते हैं। हालांकि, पार्टी की ओर से अंतिम निर्णय की आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।
अन्य भारतीय हस्तियों को भी मिला आमंत्रण
रिपोर्टों के अनुसार, भाजपा नेता नितिन नवीन को भी समारोह का निमंत्रण भेजा गया है।
वहीं, मार्कंडेय काटजू ने सोशल मीडिया पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि उन्हें भी आमंत्रित किया गया था, लेकिन स्वास्थ्य कारणों से वह कार्यक्रम में शामिल नहीं हो पाएंगे।
विशेष विमान से पहुंचेंगे मेहमान
रिपोर्टों में दावा किया गया है कि ईरान के लिए सामान्य अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की सीमित उपलब्धता को देखते हुए विदेशी प्रतिनिधियों के लिए विशेष विमान की व्यवस्था की गई है, ताकि विभिन्न देशों से आने वाले अतिथि आसानी से समारोह में शामिल हो सकें।
कई देशों के प्रतिनिधिमंडलों के पहुंचने की संभावना
रिपोर्टों के मुताबिक, इस राजकीय समारोह में इराक, पाकिस्तान, अफगानिस्तान, सीरिया, लेबनान, रूस, चीन और मध्य एशिया के कई देशों के प्रतिनिधिमंडलों के शामिल होने की संभावना है।
बताया जा रहा है कि पाकिस्तान के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व वहां के प्रधानमंत्री करेंगे।
कई दिनों तक चल सकता है शोक कार्यक्रम
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, अंतिम संस्कार और श्रद्धांजलि कार्यक्रम कई दिनों तक चल सकता है। इसमें लाखों लोगों के शामिल होने का अनुमान जताया गया है।
रिपोर्टों के मुताबिक, कार्यक्रम की शुरुआत तेहरान में सार्वजनिक श्रद्धांजलि से होगी। इसके बाद अंतिम यात्रा निकाली जाएगी और विभिन्न शहरों में धार्मिक परंपराओं के अनुसार श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। कुछ धार्मिक अनुष्ठान इराक में भी प्रस्तावित बताए जा रहे हैं।
आधिकारिक पुष्टि का इंतजार
गौरतलब है कि इस पूरे कार्यक्रम को लेकर अलग-अलग मीडिया रिपोर्टों में विभिन्न जानकारियां सामने आई हैं। ऐसे में प्रतिनिधिमंडलों की अंतिम सूची, कार्यक्रम का विस्तृत स्वरूप और भागीदारी से जुड़ी आधिकारिक पुष्टि संबंधित सरकारी घोषणाओं के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।

